उज्जैन, अग्निपथ। नानाखेड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत उज्जैन-इंदौर सिक्सलेन मार्ग पर शुक्रवार शाम एक भीषण सड़क दुर्घटना घटित हुई। तेज रफ्तार डंपर ने साइकिल सवार 13 वर्षीय बालक को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे उसकी घटना स्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे के बाद क्षेत्र में भारी तनाव व्याप्त हो गया और आक्रोशित ग्रामीणों ने डंपर पर पथराव कर उसके कांच फोड़ दिए। उग्र भीड़ डंपर को आग के हवाले करने वाली थी, लेकिन समय रहते पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया।
साइकिल से दुकान जा रहा था मासूम
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह हृदय विदारक घटना सेवरखेड़ी रोड के समीप इंदौर-उज्जैन मार्ग पर हुई। वर्तमान में इस मार्ग को सिक्सलेन में तब्दील करने का कार्य चल रहा है, जिसके चलते यहाँ ब्रिज निर्माण और अन्य निर्माण कार्य जारी हैं। मृतक बालक की पहचान 13 वर्षीय आदित्य पिता राजेश अग्रवाल, निवासी आलमपुर उडाना के रूप में हुई है।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आदित्य शुक्रवार शाम अपनी साइकिल से पास की ही एक किराना दुकान पर सामान लेने जा रहा था। इसी दौरान पीछे से आ रहे डंपर क्रमांक एमपी 11 एच 1285 के चालक ने लापरवाही से गाड़ी चलाते हुए उसे टक्कर मार दी।
सिर पर चढ़ा डंपर का पहिया, चालक की पिटाई
टक्कर लगते ही बालक सड़क पर गिर गया और डंपर का भारी पहिया उसके सिर के ऊपर से गुजर गया। बालक की मौके पर ही मृत्यु हो गई। दुर्घटना को देख वहां मौजूद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। भीड़ ने डंपर को घेर लिया और पत्थरों व डंडों से उस पर हमला कर दिया। डंपर चालक ने मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन लोगों ने उसे धर दबोचा और जमकर धुनाई कर दी।
सूचना मिलते ही नानाखेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और चालक को भीड़ के चंगुल से छुड़ाकर हिरासत में लिया। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद लोगों को समझा-बुझाकर शांत किया और डंपर को जब्त कर थाने भिजवाया।
पिता के बिना संघर्ष कर रहा था परिवार
मृतक आदित्य के पारिवारिक पृष्ठभूमि की जानकारी मिलने पर पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। बताया जा रहा है कि आदित्य के पिता राजेश अग्रवाल कुछ साल पहले घर छोड़कर कहीं चले गए थे, जिनका अब तक कोई सुराग नहीं मिला है। घर की पूरी जिम्मेदारी और बच्चों का पालन-पोषण उसकी मां और दादी कर रही थीं। आदित्य की एक बहन भी है।
परिवार के इकलौते बेटे की इस तरह असामयिक मृत्यु ने घर के चिराग को बुझा दिया है। शनिवार सुबह जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया, जहां गमगीन माहौल में उसका अंतिम संस्कार किया गया।
निर्माण कार्य और सुरक्षा पर सवाल
उज्जैन-इंदौर सिक्सलेन का कार्य लंबे समय से चल रहा है, लेकिन निर्माण एजेंसी द्वारा यातायात सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम न किए जाने के आरोप स्थानीय लोग लगा रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि भारी वाहनों की गति पर कोई नियंत्रण नहीं है और निर्माण कार्य के चलते मार्ग संकरा होने से आए दिन हादसे हो रहे हैं।
पुलिस ने डंपर चालक के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है और डंपर को राजसात करने की कार्यवाही पर विचार किया जा रहा है। थाना प्रभारी ने बताया कि मार्ग पर यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए निर्माण कंपनी को भी आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे।
