दी आंदोलन की चेतावनी
नागदा जंक्शन। नागदा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के ईंट भट्टा संचालकों ने अपनी मांगों को लेकर सोमवार को जोरदार प्रदर्शन किया। ईंट भट्टा व्यापारी संघ के अध्यक्ष एवं भाजपा मंडल महामंत्री दौलतराम प्रजापत के नेतृत्व में संचालकों ने किल्कीपुरा स्थित अम्बेमाता मंदिर से वाहन रैली निकाली। यह रैली बिरलाग्राम ओवरब्रिज पहुंची, जहाँ से प्रदर्शनकारी पैदल नारेबाजी करते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंचे और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।
अनुमति न मिलने पर 6000 मजदूरों के भविष्य पर संकट
ज्ञापन में बताया गया कि ईंट निर्माण उनका पुश्तैनी व्यवसाय है और करीब 6000 मजदूरों का परिवार इसी पर आश्रित है। संघ ने आरोप लगाया कि शासन के स्पष्ट प्रावधानों के बावजूद और दो माह पूर्व आवेदन देने के बाद भी प्रशासन द्वारा ईंट भट्टा संचालन की अनुमति जारी नहीं की जा रही है। संचालकों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही अनुमति नहीं दी गई, तो वे मजदूरों के परिवारों सहित उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।
झूठी शिकायतों और कानूनी कार्रवाई का विरोध
अध्यक्ष दौलतराम प्रजापत ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि कुछ लोगों की झूठी शिकायतों के आधार पर भट्टा संचालकों के खिलाफ प्रकरण बनाने की तैयारी की जा रही है। उन्होंने एसडीएम रंजना पाटीदार से मांग की कि कानूनी प्रकरणों को तुरंत रोककर सीजनल व्यवसाय के लिए मिट्टी उत्खनन और परिवहन की अनुमति दी जाए। साथ ही, उन्होंने ग्राम सचिवों को ठहराव प्रस्ताव पारित करने हेतु निर्देशित करने का भी आग्रह किया।
बड़ी संख्या में मौजूद रहे व्यापारी और समाजजन
प्रदर्शन के दौरान मोतीलाल प्रजापत, श्याम प्रजापत, आशिक मेव, बाबूलाल प्रजापत, कमल प्रजापत, राजू प्रजापत और त्रिलोक प्रजापत सहित सैकड़ों की संख्या में व्यापारी और समाजजन उपस्थित रहे। संचालकों का कहना है कि सीजनल व्यवसाय होने के कारण पहले ही समय निकल रहा है, ऐसे में प्रशासनिक देरी उनके आर्थिक हितों पर भारी पड़ रही है।
