झारड़ा, अग्निपथ। क्षेत्र के ग्राम मुण्डला सौंधिया में किसानों के खेतों में पककर तैयार खड़ी गेहूं की फसल भीषण आगजनी की भेंट चढ़ गई। इस दुखद घटना में गांव के लगभग 13 काश्तकारों की मेहनत की कमाई पूरी तरह जलकर खाक हो गई है। प्रभावित किसानों में दरबार सिंह पिता बापूसिंह, नर्मदा बाई पति मांगुसिंह, अर्जूनसिंह पिता फतेसिंह, बजेसिंह पिता गिरवरसिंह, देवेन्द्रसिंह, प्रधानसिंह पिता शिवसिंह, मोहनसिंह पिता दरबारसिंह, धारासिंह पिता अर्जूनसिंह, नैनसिंह पिता फतेसिंह, भगवासिंह पिता फतेसिंह, कालुसिंह पिता अनारसिंह, होकमसिंह पिता सरदारसिंह, कपालसिंह पिता मांगीलाल और शिवसिंह पिता बापूलाल शामिल हैं।
प्राकृतिक आपदाओं और अब आगजनी की इस मार से क्षेत्र के अन्नदाता की आर्थिक और मानसिक स्थिति पूरी तरह डगमगा गई है। पूर्व में बेमौसम हुई बारिश ने पहले ही गेहूं की गुणवत्ता को प्रभावित कर दिया था और अब रही-सही कसर इस आगजनी ने पूरी कर दी। फसल जल जाने से किसानों के सामने जीवनयापन का बड़ा संकट खड़ा हो गया है।
इस गंभीर विषय को लेकर जिला पंचायत सदस्य श्याम सिंह चौहान तारोट ने तत्परता दिखाते हुए जिलाधीश उज्जैन को पत्र के माध्यम से पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया है। उन्होंने प्रशासन से आग्रह किया है कि प्रभावित खेतों का तत्काल मौका पंचनामा बनाया जाए। साथ ही किसान बीमा निधि या अन्य सरकारी मदों से किसानों को उचित मुआवजा राशि प्रदान कर उनके आर्थिक नुकसान की भरपाई की जाए।
