फॉलोअपः महिला वार्ड प्रभारी को घूस देने और बदमाशों द्वारा धमकाने आरोप
उज्जैन,अग्निपथ। झिंझर (नकली शराब) कांड की आरोपी ने बुधवार को फिर जेलर और महिला वार्ड प्रभारी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। एसपी और एडीजीपी से शिकायत में उसने जेल में जेलर द्वारा अश्लीलता करने और वार्ड प्रभारी पर घूस लेने का दावा करते हुए केस दर्ज की मांग की है। आवेदन में यह भी लिखा कि शिकायत वापसी की लिए उसे बदमाशों से धमकी दिलवाई जा रही है।

झिंझरकांड की आरोपी अशोकनगर निवासी युवती ने बुधवार को एडीजीपी योगेश राव देशमुख और एसपी सत्येंद्र कुमार शुक्ल को शिकायत की। आरोप लगाया कि झिंझरकांड में जेल में बंदी रहने के दौरान 8-9 जनवरी की रात महिला जेल वार्ड प्रभारी सुनीता चौहान ने उससे रुपए मांगे। नहीं देने पर मारपीट की और जेलर संतोष लडिय़ा ने उससे अश्लीलता की।
युवती ने दावा किया कि प्रताडऩा से बचाने के लिए उसकी मॉ ने चौहान को 15 हजार रुपए दिए। 24 मार्च को हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद जेल में उसके साथ हुई घटना उसे परेशान करती रही, लेकिन माता-पिता के कारण शिकायत नहीं कर पाई। 26 जुलाई को जेल अधीक्षक से गृहमंत्री तक शिकायत करने पर 27 जुलाई को मक्सी रोड जीरो पाइंट पर दो बदमाशों ने उसे रोककर शिकायत वापस नहीं लेने पर झूठे केस में फंसाने और हत्या की धमकी दी। युवती ने जेलर व चौहान पर केस दर्ज की मांग कर दोनों से उसे सुरक्षा देने की गुहार लगाई है।
ऐसे बनी थी आरोपी
शिकायतकर्ता ने खुद को बेकसूर बताते हुए झिंझरकांड में भी जबरन फंसाने का आरोप लगाया। याद रहे 14 नवंबर 2020 को झिंझरकांड हुआ था, जिसमें एक दर्जन मजदूरों की मौत हुई थी। मामले में करीब एक दर्जन आरोपी बनाए गए थे। निगमकर्मी मुख्य आरोपी सिंकदर की युवती दोस्त थी और उसे स्प्रिट सप्लाय के आरोप में जेल भेजा गया था।
कलेक्टर बोले मामला गंभीर
दैनिक अग्निपथ से युवती द्वारा जेलर पर जेल में जबरदस्ती करने के आरोप लगाने का पता चलने पर कलेक्टर आशीष सिंह ने इसे गंभीर मामला बताते हुए जांच का कहा है।
घूस नहीं तो धमकी
युवती ने एक बार फिर आरोप लगाया कि जेल में सभी कैदियों से रुपए मांगे जाते। नहीं देने पर मारपीट कर झूठे केस में फंसाने की धमकी देते है। वहीं संपन्न कैदियों को मोटी रकम लेकर सभी सुविधाएं दी जाती है। यह सब जेलर के इशारे पर होता है।
जेलर ने दी सफाई
जेल में कैदियों को नियंत्रण में रखने के लिए सख्ती करना पड़ती है। महिला को भी अन्य कैदियों से लड़ाई-झगड़ा करने पर दंड दिया था। इसलिए आरोप लगा रही है। जांच होने पर सच सामने आ जाएगा। -संतोष कुमार लडिय़ा,जेलर केंद्रीय जेल भैरवगढ़