उज्जैन, अग्निपथ। नागदा में 10 साल पहले खाल से पानी लेने को लेकर किसान पर हमला करने के केस में बुधवार को कोर्ट ने फैसला सुनाया। मामले में न्यायालय ने पुत्र-पुत्री के साथ मां को भी दोषी सिद्ध होने पर दो साल की सजा दी है।
अभियोजन मीडिया सेल प्रभारी मुकेश कुमार कुन्हारे ने बताया कि नागदा के चंबल पाल्या क्षेत्र निवासी अर्जुनसिंह ने सिंचाई के लिए खाल में पानी जमा किया था। 19 नवंबर 2011 को पड़ोस में खेती करने वाला शांतिलाल पिता अमरा जी पत्नी लीलाबाई पुत्र सुरेश, दिनेश व पुत्री राधाबाई ,जशोदा बाई पति निर्भयसिंह खाल से मोटर लगाकर पानी ले रहा था। विरोध करने पर सभी ने अर्जुन पर पत्थर से हमला कर दिया।
बीच बचाव करने पर उन्होंने जुझारसिंह व प्रतापसिंह से भी मारपीट कर जान से मारने की धमकी दे दी। मामले में अब तक की सुनवाई के बाद बुधवार को नागदा के मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट नदीम जावेद खान ने फैसला सुनाया। उन्होंने सभी को दोषी सिद्ध होने पर 2-2 वर्ष कारावास व पांच हजार रूपए अर्थदंड दिया। प्रकरण में शासन का पक्ष एडीपीओ विवेक कुमार शाक्य ने रखा।