चार आरोपी अब भी फरार
उज्जैन, अग्निपथ। श्री महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन के नाम पर अवैध वसूली के नाम पर गिरफ्तार 10 आरोपियों में से 8 को सोमवार को जमानत मिल गई। दो आरोपियों को शनिवार को जमानत मिल चुकी थी। मामले में अभी भी चार आरोपी फरार हैं। इनमें से एक आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है।
महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं से अवैध वसूली मामले में जांच के बाद मंदिर के कर्मचारियों, आउट सोर्स कर्मचारियों और मीडियाकर्मियों पर थाना महाकाल ने अपराध क्रमांक- 655/2024 धारा- 318(4), 316(2), 316(5) बीएनएस में केस दर्ज किया था।
आरोपी विनोद चौकसे, राकेश श्रीवास्तव, अभिषेक भार्गव राजकुमार सिंह, राजेंद्रसिंह सिसोदिया, जितेंद्रसिंह पवार, ओमप्रकाश माली, रितेश शर्मा, उमेश पांडे, करण सिंह पवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। जेल में बंद सभी आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने 21 मार्च को चालान पेश किया था।
एडवोकेट वीरेंद्र शर्मा ने बताया कि सभी आरोपियों ने कोर्ट के सामने अपना पक्ष रखा। सबसे अहम यह कि पुलिस के पास कोई भी फरियादी नहीं था। पुलिस ने एफआईआर दर्ज किए बिना ही सभी के मोबाइल चेक कर उनके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया था। सोमवार को उज्जैन कोर्ट ने विनोद चौकसे, राकेश श्रीवास्तव, अभिषेक भार्गव राजकुमार सिंह, राजेंद्रसिंह सिसोदिया, ओमप्रकाश माली, रितेश शर्मा, करण सिंह पवार को जमानत दे दी है।
वहीं दो दिन पहले उमेश पंड्या और जितेंद्र सिंह को हाईकोर्ट से जमानत मिल चुकी है। इन दोनों के ऑर्डर शनिवार तक अपलोड नहीं हुए थे, इसलिए सभी के आज शाम तक जेल से बाहर आने की संभावना है।
एक फरार आरोपी की अग्रिम जमानत ख़ारिज हुई
शुक्रवार को फरार आरोपी दीपक मित्तल की तरफ से हाईकोर्ट में लगी अग्रिम जमानत याचिका को कोर्ट ने खारिज कर दिया। पुलिस फरार चल रहे चार आरोपी आशीष शर्मा, दीपक मित्तल, पंकज शर्मा व विजेंद्र यादव की तलाश कर रही है।