इंदौर, अग्निपथ। मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) की सहायक प्राध्यापक परीक्षा 2025 को लेकर पिछले काफी समय से उम्मीदवारों के बीच बना संशय अब पूरी तरह खत्म हो गया है। आयोग ने अभ्यर्थियों की निरंतर मांग को स्वीकार करते हुए पहले चरण की परीक्षाओं के लिए आवेदन की तिथियों में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। इस संबंध में सोमवार को आयोग की ओर से एक आधिकारिक अधिसूचना भी जारी कर दी गई है।
आवेदन की प्रक्रिया अब 10 मई से
संशोधित नियमों के अनुसार, अब सहायक प्राध्यापक परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया 10 मई से शुरू होगी और 9 जून 2026 तक चलेगी। इससे पहले आयोग ने आवेदन के लिए 17 अप्रैल से 16 मई तक का समय निर्धारित किया था। तारीखों में किए गए इस बदलाव से विशेष रूप से देवी अहिल्या विश्वविद्यालय (डीएवीवी) के उन छात्र-छात्राओं को बड़ी राहत मिली है जो वर्तमान में स्नातकोत्तर (एमए) अंतिम सेमेस्टर की पढ़ाई कर रहे हैं।
दरअसल, अभ्यर्थियों का तर्क था कि विश्वविद्यालय की अंतिम सेमेस्टर की परीक्षाएं अप्रैल में आयोजित होती हैं और उनके परिणाम मई या जून तक आते हैं। पुरानी समय-सीमा के कारण कई पात्र छात्र आवेदन करने से वंचित रह रहे थे क्योंकि उनके पास अंतिम परिणाम उपलब्ध नहीं था। आयोग ने छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए आवेदन की कट-ऑफ तिथि को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है।
ज्ञात हो कि एमपीपीएससी ने 31 दिसंबर को इस भर्ती के लिए अधिसूचना जारी की थी, जिसमें 19 विषयों के रिक्त पदों पर भर्ती की जानी है। इनमें गणित, जूलॉजी, बॉटनी, केमिस्ट्री और फिजिक्स जैसे विषयों में बड़ी संख्या में पद शामिल हैं। आयोग यह परीक्षाएं तीन चरणों में आयोजित करेगा, जो क्रमशः 12 जुलाई, 2 अगस्त और 30 अगस्त 2026 को प्रस्तावित हैं। पहले चरण में हिंदी, अंग्रेजी, संस्कृत और भूगोल जैसे विषयों की परीक्षा 12 जुलाई को संपन्न होगी।
