सांसद की सौगंध ने 12 साल के संघर्ष को दिया अंजाम

कायथा, दिनेश शर्मा। आखिरकार दो दशक के बाद कायथा की उस सडक़ को स्वीकृति मिल गई जिसके लिए ग्रामीणवासियों के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों ने अथक मेहनत की थी। सांसद अनिल फिरोजिया की पहल और सक्रियता ने कायथा-हत्याखेड़ी और बंजाराखेड़ा गांव के लोगों की दो दशकों से चली आ रही मांग को पूरा करते हुए, प्रधानमंत्री ग्रामीण सडक़ योजना के अंतर्गत इस मार्ग को स्वीकृत करवा दिया है। उम्मीद की जा रही है कि तमाम तकनीकी औपचारिकता के बाद बारिश के बाद इस सडक़ का कार्य भी शुरू हो जाएगा।

लेकिन इस सडक़ के कहानी की थोड़ी अजीब है, मुख्य मार्ग मक्सी रोड से बड़ा बाजार-बंजाराखेड़ा को जोडऩे वाला ये मार्ग बेहद जर्जर और कच्ची अवस्था में है, 2 दशकों से इसके निर्माण की मांग ग्रामीणवासी कर रहे थे क्योंकि इस जर्जर मार्ग से, बारिश में स्थिति इतनी दयनीय हो जाती थी कि आम लोगों का जीना दूभर हो जाता था गड्ढे कीचड़ और फिसलन से लोगों का आना-जाना मुश्किल हो जाता था ऐसे में इस रोड के लिए लंबे समय से ग्रामवासी इसके निर्माण की मांग कर रहे थे। इन दो दशकों में कई जनप्रतिनिधि आए और गए लेकिन किसी ने इसकी सुध नहीं ली।

2009 में उज्जैन-आलोट संसदीय क्षेत्र से सांसद बने प्रेमचंद गुड्डू के कार्यकाल में भी इस रोड का मामला जोर-शोर से, उठा था लेकिन सांसद द्वारा इस दिशा में सामने कोई ठोस पहल नहीं होने के कारण ये मामला उसी समय अटक गया था।

कायथा-बड़ाबाजार-बंजराखेड़ा से हत्या खेड़ी गांव को जोडऩे वाले सडक़ के मामले ने तूल पकड़ा जब 2018 विधानसभा चुनाव में हत्याखेड़ी गांव के लोगों ने चुनाव बहिष्कार की धमकी दी, तमाम मान-मनोव्वल के बाद भी जब लोग टस से मस नहीं हुए तो तत्कालीन विधायक और 2018 में तराना विधानसभा से भाजपा प्रत्याशी अनिल फिरोजिया ने गांव पर जाकर मंदिर के समक्ष सौगंध खाई की इस चुनाव के बाद सबसे पहला काम इसी सडक़ का होगा, जिसके बाद गांव वालों ने मतदान में हिस्सा लिया था।

लेकिन 2018 विधानसभा चुनाव के बाद कहानी फिर बदली फिरोजिया जहां खुद विधानसभा का चुनाव हार गए, वहीं मध्य प्रदेश में सरकार भी बदल गई 15 महीने की कांग्रेस सरकार में कांग्रेस विधायक महेश परमार बेहद पावरफुल रहे, और वह चाहते तो 15 महीने में इस सडक़ की स्वीकृति हो जाती लेकिन उनकी ओर से भी इस संबंध में बयानबाजी के अलावा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया जिसके चलते 15 महीने के कार्यकाल में इस सडक़ निर्माण को लेकर कोई कागजी कार्यवाही शुरू नहीं हो पाई।

लेकिन 15 महीने के बाद कांग्रेस के बड़े नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया द्वारा भाजपा ज्वाइन करने के बाद मध्य प्रदेश में जहां भाजपा की सरकार स्थापित हो गई। वही अनिल फिरोजिया अभी 2019 में सांसद निर्वाचित हो गए। ऐसे मध्य प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद अनिल फिरोजिया एक बार फिर इस सडक़ के लिए सक्रिय होकर कायथा के वरिष्ठ भाजपा नेता जितेंद्र सिंह सिसोदिया (छोटा रावला) को उन्होंने जिम्मेदारी सौंपते हुए इस रोड का सर्वे, किसानों के अनापत्ति प्रमाण पत्र सहित औपचारिकताएं पूरी करने के लिए अधिकृत किया। उनकी मेहनत के बाद इस सडक़ के अंर्तगत जिन किसानों की जमीन आ रही थी उन सभी किसानों के अनापत्ति शपथ पत्र मिलने के बाद सांसद ने 7.45 किलोमीटर लंबी सडक़ के लिए 844.94 की राशि स्वीकृत करवा दी। उम्मीद की जा रही है कि बारिश के बाद इस सडक़ का कार्य शुरू भी हो जाएगा।

दो दशकों के लंबे इंतजार के बाद स्थित बड़ा बाजार, बंजारा खेड़ा और हत्याखेड़ी निवासियों को इस सडक़ की सौगात मिलने जा रही है, जिससे उनको ना सिर्फ आवागमन में सुविधा होगी बल्कि बारिश में होने वाली बदतर स्थिति का भी सामना नहीं करना पड़ेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

स्लाट में सांठगांठ : रजिस्ट्रेशन करने वालों के साथ हो रही धोखाधड़ी

Sun May 23 , 2021
खाचरौद, अग्निपथ। नगर तथा ग्रामीण अंचल में संक्रमित मरीजों की संख्या में तो इजाफा हुआ है, वहीं नगर में 18 प्लस आयु वर्ग के वैक्सीनेशन सेंटर पर रोजाना 8-10 स्लाट खाली जाने से नगर के युवाओं में भारी रोष उत्पन्न हो रहा है। वहीं शेष  डोज कहां जा रहे है, […]

Breaking News