यात्रा से लौटकर अर्जुन सिंह चंदेल की कलम से ईश्वर ने विश्वकर्मा की सहायता से इस सृष्टि को संवारने में कोई कसर बाकी नहीं रखी है। अनगिनत तरीके से सुंदर फूल, पौधे, जीव-जंतु, प्रकृति प्रदत्त सुंदर झरने, मनोहारी पहाड़, सुंदर वन, जंगल, नदियां, तालाब ऐसी अनमोल चीजें विधाता ने मनुष्य […]
