पुलिस के पास आवेदन पहुंचा, लेकिन अब तक नहीं हुई एफआईआर दर्ज
उज्जैन, अग्निपथ। कोरोना संकट के चलते लोगों की शादी कैंसल होने के बाद अब लोगों को होटल और मैरिज गार्डन संचालक पैसा नहीं लौटा रहे हैं। इससे लोगों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। परेशान लोग थाने और कलेक्टर से शिकायत कर रहे हैं। परन्तु पुलिस भी अब उनकी मदद के स्थान पर आवेदन को लेकर पटक रही है।ऐसा ही मामला होटल मित्तल एवेन्यु का सामने आया है।
महानंदानगर में रहने वाले देवेश तिवारी का कहना है कि उनके बेटे का विवाह 24 अप्रैल 2021 को होना था। परन्तु लॉकडाउन लगने की वजह से उसे निरस्त करना पड़ा। होटल मित्तल एवेन्यु में उन्होंने इसकी सूचना फोन से दे दी थी। शादी को कैंसिल हुए दो माह का समय होने को आ गया है। परन्तु होटल संचालक अब 2लाख 40 हजार रुपए लौटाने को तैयार नहीं है।
जबकि छोटे -छोटे केटरर और अन्य व्यसायियों ने पैसा देने का आश्वासन दे दिया है। कुछ पैसा भी दे रहे हैं। परेशान होकर एसडीएम आफिस में आवेदन दिया था। उसके बाद नीलगंगा थाने को भी शिकायत कर दी है। परन्तु थाने ने अभी तक कोई शिकायत नहीं दर्ज की है।
कलेक्टर का आदेश तत्काल पैसा लौटाएं
शादी कैंसिल होने के बाद मामले सामने आने के बाद कलेक्टर ने सभी मैरिज और होटल संचालकों को तत्काल ही लोगों का पैसा लौटाने के आदेश दिए हैं। परन्तु अधिकांश होटल और मैरिज संचालक इस आदेश को मान नहीं रहे हैं। वे लोगों पर पैसा लेने के स्थान पर कार्यक्रम में एडजस्ट करने की सलाह दे रहे हैं।
ब्याज से लिया पैसा अब परेशान
कई लोगों ने शादी के लिए ब्याज से पैसा लिया था। उनके सामने संकट खड़ा हो गया है कि शादी नहीं होने से ब्याज भी भरना पड़ रहा है और पैसा भी नहीं मिल रहा है।
कोरोना की वजह से सभी की शादियां कैंसिल हुई हैं। हमने किसी को भी पैसा देने से इनकार नहीं किया है। नवंबर में होटल का कारोबार शुरू होगा, दिसंबर जनवरी में पैसा दे पाएंगे। अब कोई थाने में आवेदन देता है तो हम क्या कर सकते हैं। -पराग मित्तल, होटल मित्तल एवेंन्यु के संचालक