अब वेंट्यूज मशीन से करायेंगे नॉर्मल डिलेवरी, ऑपरेशन की जरूरत नहीं

Doctor karyashala charak

भारत की पहली कार्यशाला हुई उज्जैन में, प्रदेश के 12 जिलों के स्त्री रोग विशेषज्ञ हुए शामिल

उज्जैन, अग्निपथ। चरक अस्पताल में दो दिवसीय राज्य स्तरीय स्त्री रोग विशेषज्ञों की कार्यशाला आयोजित की गई। जिसमें वेंट्यूज मशीन द्वारा नॉर्मल डिलेवरी कराने की विधि सिखाई गई। उज्जैन में हुई प्रदेश में इस तरह की सबसे पहली कार्यशाला में राज्य के 12 जिलों से स्त्री रोग विशेषज्ञ एवं नर्सें शामिल हुईं।

चरक अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. संगीता पलसानिया ने बताया कि कार्यशाला में प्रशिक्षण देने के लिए मुंबई के लीलावती अस्पताल से डॉ. एम. नानावटी उज्जैन आए। जिन्होंने मशीन के उपयोग तथा फायदे बताते हुए कहा कि यह मशीन प्रसुताओं को नॉर्मल डिलेवरी में सहायक रहती है। इससे प्रसुताएं सिजेरियन ऑपरेशन से बच जाती है और बच्चे और मां को नुकसान भी नहीं होता।

इस मशीन के माध्यम से प्रसुताओं की नॉर्मल डिलेवरी हो जाएगी तो ऑपरेशन से बचेगी। वहीं भविष्य में भी ऑपरेशन की संभावना से बच सकेंगी। मध्यप्रदेश शासन द्वारा आयोजित यह राज्य स्तरीय कार्यशाला भारत में अपनी तरह की पहली कार्यशाला है। आने वाले समय में राज्य सरकार द्वारा सभी जिलों में इस मशीन को उपलब्ध कराया जाएगा।

प्रमाण पत्र किए वितरित

कार्यशाला में भोपाल से डिप्टी डायरेक्टर डॉ. अर्चना मिश्रा, उज्जैन की क्षेत्रीय स्वास्थ्य संचालक डॉ. लक्ष्मी बघेल विशेष रूप से मौजूद रहीं। जिनकी उपस्थिति में कार्यशाला में हिस्सा लेने आए विशेषज्ञों तथा नर्सों को प्रमाण पत्र वितरित किये गये। चरक अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. संगीता पलसानिया द्वारा दो दिवसीय कार्यशाला का संपूर्ण प्रबंधन किया गया।

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