सत्यनारायण ही नहीं रहेगा तो किस पर केस चलाओगे

पत्नी के मुकदमे से दु:खी युवक ने खुद के निर्माणाधीन मकान पर फांसी लगाकर जान दे दी, फंदा गले में डालने से पहले लिखा सुसाइड नोट

उज्जैन, अग्निपथ। निर्माणाधीन मकान के पिल्लर से बुधवार सुबह युवक का शव रस्सी के फंदे पर लटका मिला है। उसकी जेब में 2 लाइन का सुसाइडनोट रखा हुआ था, जिसके आधार पर पारिवारिक विवाद में आत्महत्या की जाना सामने आया है।

चिमनगंज थाने के एसआई सचिनसिंह सेंधव ने बताया कि आगररोड तिरुपति पैरेडाइज कालोनी में निर्माणाधीन मकान के पिल्लर पर एक युवक का शव रस्सी के फंदे पर लटका होने की खबर मिलने के बाद पुलिस और एफएसएल अधिकारी डॉ. प्रीति गायकवाड़ मौके पर पहुंची थी। मृतक की पहचान सत्यनारायण पिता रामू सोलंकी 28 वर्ष के रूप में हुई।

निर्माणाधीन मकान उसी का था। शव फंदे से उतारने के बाद उसकी जेब से सुसाइडनोट मिला। जिसमें लिखा था कि सत्यनारायण ही नहीं रहेगा तो किस पर केस चलाओगे।

मृतक का ससुराल कालोनी में ही था। जिसके चलते उसकी पत्नी और ससुराल पक्ष के लोग घटनास्थल पर आ गये थे। परिजनों ने बताया कि सत्यनारायण मूलरूप से ग्राम सिमरोल इंदौर का रहने वाला था और आरडी गार्डी मेडिकल कॉलेज में सफाईकर्मी था। कुछ माह से वह अपने गांव में रह रहा था। मंगलवार शाम को ही लौटा था और निर्माणाधीन मकान पर चला गया था।

4 सालों से पत्नी से विवाद चल रहा है। पत्नी 2 बच्चों के साथ मायके में रहती है। विवाद में समझौता होने पर उसने भी किराये का मकान ले लिया था। 3 माह पूर्व दोनों भी फिर विवाद हुआ तो पत्नी ने न्यायालय में केस लगा दिया था।

अस्पताल में बनी विवाद की स्थिति

मृतक की बॉडी पोस्टमार्टम के लिये जिला अस्पताल लाई गई थी। जहां मृतक के परिजन भी सिमरोल से पहुंचे थे। इस दौरान ससुराल पक्ष से उसके परिजनों से विवाद की स्थिति बन गई। दोनों पक्ष एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने लगे। पुलिस ने मामला शांत कर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को शव सौंपा। एसआई सेंधव के अनुसार सुसाइडनोट जब्त कर लिया गया है। दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर जांच की जाएगी।

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