कृषि कैबिनेट में किसानों के लिए 28,000 करोड़ रुपये का खुला पिटारा

कृषि कैबिनेट

6 विभागों की 16 परियोजनाओं को मंजूरी

बड़वानी, अग्निपथ। मध्य प्रदेश की डॉ. मोहन यादव सरकार ने सोमवार को बड़वानी जिले के नांगलवाड़ी स्थित शिखरधाम में अपनी पहली विशेष कृषि कैबिनेट आयोजित कर किसानों और जनजातीय समाज के लिए सौगातों की झड़ी लगा दी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई इस महत्वपूर्ण बैठक में 6 विभागों की 16 जनहितैषी योजनाओं के लिए कुल 27,746 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि मंजूर की गई। भीलट देव मंदिर की तलहटी में 8 एकड़ क्षेत्र में बनाए गए अस्थायी मंत्रालय में हुई इस बैठक ने प्रदेश के कृषि परिदृश्य को एक नई दिशा देने का संकल्प दोहराया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार वर्ष 2026 को ‘किसान कल्याण वर्ष’ के रूप में मना रही है और यह आयोजन उसी कड़ी का एक हिस्सा है।

वरला-पानसेमल सिंचाई परियोजना को हरी झंडी

कैबिनेट ने निमाड़ अंचल की पुरानी मांग को पूरा करते हुए वरला और पानसेमल माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस परियोजना से क्षेत्र के हजारों हेक्टेयर खेत सिंचित होंगे और किसानों की आर्थिक स्थिति में बड़ा सुधार आएगा। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री ने किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य दिलाने के लिए सरसों की फसल को भी भावांतर योजना में शामिल करने का निर्णय लिया है। वहीं, दलहन उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए उड़द प्रोत्साहन योजना के तहत किसानों को 600 रुपये प्रति क्विंटल का विशेष बोनस देने की घोषणा की गई है।

बड़वानी बनेगा आधुनिक कृषि व्यापार का केंद्र

बड़वानी जिले की पहचान को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने के लिए सरकार ने यहाँ देश की सबसे आधुनिक नवीन कृषि उपज मंडी बनाने का फैसला किया है। इसके अलावा, खेतिया स्थित कृषि उपज मंडी को आदर्श कृषि उपज मंडी के रूप में विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़वानी में मिर्च और केले जैसी बागवानी फसलों की अपार संभावनाएं हैं, जिन्हें सही बाजार और दाम दिलाने के लिए यह आधुनिक ढांचा मील का पत्थर साबित होगा। साथ ही, अब महाविद्यालयों के पाठ्यक्रम में एग्रीकल्चर विषय को भी शामिल करने की तैयारी की जा रही है ताकि युवा पीढ़ी आधुनिक खेती से जुड़ सके।

मत्स्य पालन के लिए नई नीति और सब्सिडी का प्रावधान

प्रदेश में मछली उत्पादन को एक बड़े उद्योग के रूप में स्थापित करने के लिए कैबिनेट ने नई मत्स्य पालन नीति लाने पर सहमति जताई है। इस नीति के तहत कोल्ड चेन, मार्केटिंग स्ट्रक्चर, रेफ्रिजेरेटेड वैन और फीड प्लांट लगाने वाले निवेशकों व मछली उत्पादकों को सरकार द्वारा आकर्षक सब्सिडी दी जाएगी। सरकार का लक्ष्य मछली उत्पादन क्षेत्र में निवेश को 1,600 से 1,700 करोड़ रुपये तक ले जाना है।

भीलट देव शिखरधाम बनेगा बड़ा पर्यटन केंद्र

बैठक से पूर्व मुख्यमंत्री और मंत्रिमंडल के सदस्यों ने 800 साल पुराने भीलट देव मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। सरकार ने इस पूरे क्षेत्र को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने यहाँ 80 लाख रुपये की लागत से निर्मित भीलट देव व्याख्यान केंद्र का लोकार्पण भी किया। इसके साथ ही, नेशनल शूटिंग चैंपियन वैष्णवी माहुले की प्रतिभा को सम्मान देते हुए उनके पिता को शूटिंग अकादमी के लिए 5 लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की गई।

भगोरिया हाट में बोले सीएम – मैं तो अनाड़ी हूँ, आप ही बताओ

कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सीधे जुलवानिया के प्रसिद्ध भगोरिया हाट पहुंचे। यहाँ उन्होंने हजारों की संख्या में उपस्थित आदिवासी भाई-बहनों के साथ पर्व की खुशियां साझा कीं। मंच से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने बड़े ही चुटीले अंदाज में पूछा कि झाड़ से जिसे उतारकर पीते हैं, उसे क्या कहते हैं? मैं तो अनाड़ी हूँ, नहीं जानता, आप ही बताओ। क्या उसे ताड़ी कहते हैं? मुख्यमंत्री के इस आत्मीय और सरल व्यवहार ने वहां मौजूद जनसमूह का दिल जीत लिया। उन्होंने कहा कि भगोरिया केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि हमारी गौरवशाली संस्कृति और सामाजिक समरसता का प्रतीक है।

मध्य प्रदेश कृषि कैबिनेट (बड़वानी): मुख्य निर्णय

  • भारी-भरकम बजट: प्रदेश के 6 अलग-अलग विभागों की 16 महत्वपूर्ण परियोजनाओं के लिए कुल 27,746 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई।

  • सिंचाई को विस्तार: निमाड़ क्षेत्र की लंबे समय से लंबित वरला और पानसेमल माइक्रो उद्वहन सिंचाई योजनाओं को मंजूरी दी गई, जिससे हजारों एकड़ भूमि सिंचित होगी।

  • किसानों को बोनस: दलहन उत्पादन को प्रोत्साहित करने के लिए उड़द की फसल पर किसानों को 600 रुपये प्रति क्विंटल का विशेष बोनस देने की घोषणा की गई।

  • भावांतर योजना का लाभ: सरसों की फसल को भी अब भावांतर भुगतान योजना के दायरे में लाया जाएगा, ताकि किसानों को बाजार के उतार-चढ़ाव से सुरक्षा मिल सके।

  • मंडी का आधुनिकीकरण: बड़वानी में देश की सबसे आधुनिक कृषि उपज मंडी और खेतिया में ‘आदर्श मंडी’ विकसित करने का निर्णय लिया गया।

  • नई मत्स्य नीति: मछली पालन को उद्योग का दर्जा देने के लिए नई नीति पर सहमति बनी, जिसमें कोल्ड चेन और फीड प्लांट लगाने पर भारी सब्सिडी का प्रावधान है।

  • शिक्षा में बदलाव: युवाओं को खेती से जोड़ने के लिए महाविद्यालयीन स्तर पर एग्रीकल्चर (कृषि) विषय को पाठ्यक्रम में अनिवार्य रूप से शामिल करने की तैयारी।

  • पर्यटन और संस्कृति: 800 साल पुराने भीलट देव मंदिर क्षेत्र को प्रमुख पर्यटन केंद्र बनाने और 80 लाख रुपये की लागत से व्याख्यान केंद्र का लोकार्पण किया गया।

Next Post

होली से पहले कर्मचारियों को बड़ी सौगात: मोहन यादव सरकार ने बढ़ाया 3 प्रतिशत DA

Mon Mar 2 , 2026
भोपाल, अग्निपथ। मध्य प्रदेश की डॉ. मोहन यादव सरकार ने होली के पावन पर्व से ठीक पहले प्रदेश के शासकीय सेवकों और पेंशनभोगियों को एक बड़ी सौगात दी है। मुख्यमंत्री ने सोमवार शाम को राज्य के कर्मचारियों के लिए 3 प्रतिशत DA (महंगाई भत्ता) बढ़ाने की महत्वपूर्ण घोषणा की है। सरकार […]
मुख्यमंत्री डॉ. यादव

Breaking News