आश्वासन के बाद भी किया विरोध प्रदर्शन

महाकाल क्षेत्र के होटल व रेस्टोरेंट रहवासी संघ ने लगाए काले झंडे, कलेक्टर ने सोमवार को बातचीत का दिया समय

उज्जैन, अग्निपथ। श्री महाकालेश्वर मंदिर विस्तारीकरण योजना के अंतर्गत आगामी दिनों में मंदिर के सामने के होटल रेस्टोरेंट और मकान हटाए जाना प्रस्तावित हैं। गुरुवार दोपहर संभागायुक्त-कलेक्टर के आगमन पर होटल रेस्टोरेंट्स रहवासी संघ के सदस्य कलेक्टर आशीष सिंह से मिले और उनसे प्रतिष्ठान-मकान नहीं हटाने पर चर्चा की। कलेक्टर ने सोमवार को मिलने का समय दिया, उसके बावजूद संघ द्वारा महाकाल चौराहे पर काले झंडे के साथ बैनर लगाकर विरोध प्रदर्शन किया गया।

महाकालेश्वर मंदिर के आसपास 500 मीटर के क्षेत्र के होटल-रेस्टोरेंट्स, मकान हटाए जाना प्रस्तावित है, लेकिन राजनीतिक दबाव के चलते धीरे-धीरे इसका दायरा कम होता चला गया। इसके बाद 100 मीटर और फिर 70 मीटर दायरा तय हुआ, लेकिन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के किसान सम्मेलन में संबोधन के बाद स्थिति बदल गई और अब होटल रेस्टोरेंट्स और रहवासी संघ द्वारा गुरुवार को काले झंडे दिखाकर धरना प्रदर्शन किया गया।

इसके पूर्व संघ के कार्यकर्ता और कांग्रेस नेता पं. राजेश त्रिवेदी, अनिल गंगवाल महाराजवाड़ा स्कूल का निरीक्षण करने आए संभागायुक्त आनंद कुमार शर्मा और कलेक्टर आशीष सिंह से मिले। उन्होंने विरोध जताते हुए वर्षों से यहां पर व्यवसाय करने का हवाला देते हुए अतिक्रमण नहीं तोडऩे की बात रखी। कांग्रेस नेताओं का कहना था कि कभी 500 मीटर कभी 100 मीटर का हवाला दिया जाकर हमारी रात की नींद हराम की जा रही है। व्यापार-व्यवसाय समाप्त होने से हमारे मन में भय व्याप्त है।

सोमवार को मिलने का कहा

होटल रेस्टोरेंट रहवासी संघ के कार्यकर्ताओं ने कहा कि पुलिस चौकी की जगह पूर्व में उद्यान था, जिस पर हार फूल वाले अतिक्रमण कर्ता व्यवसाय करते थे। पुलिस चौकी निर्माण के लिए जमीन का अधिग्रहण किया गया और इन अतिक्रमण कर्ताओं को मंदिर समिति द्वारा दुकानें आवंटित कर दी गईं। अब इनको पुन: दुकानें आवंटित करने का भी आश्वासन दिया गया है, लेकिन हमने स्थाई होटल-रेस्टोरेंट और रहवासियों को किसी भी प्रकार का कोई आश्वासन नहीं दिया गया। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा कल वीडियो कांफ्रेंसिंग ली जाएगी, इसके उपरांत अगले सोमवार को शाम 4 बजे आपके साथ बैठक कर मामले का निराकरण किया जाएगा।

प्रतिष्ठानों पर काले झंडे लगाए

कलेक्टर और कमिश्नर के जाने के बाद कांग्रेस नेता पं. राजेश त्रिवेदी और अनिल गंगवाल द्वारा स्थानीय हार फूल विक्रेताओं को एकत्रित कर महाकाल चौराहे पर बैनर आदि लेकर काले झंडे के साथ मुहिम का विरोध किया गया। उन्होंने अपने प्रतिष्ठानों पर भी काले झंडे लगाए। इसमें सत्ता पक्ष का एक भी कार्यकर्ता शामिल नहीं था, जिसको लेकर लोगों में इस बात की चर्चा थी कि कांग्रेसी एक बार फिर अपने निजी स्वार्थ के लिए विकास को दरकिनार कर रहे हैं।

सुलभ कांप्लेक्स के पास की दुकानें तोड़ीं

गुरुवार को महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति के सुलभ कांप्लेक्स के पास स्थित दुकानों को गुरुवार दोपहर को जेसीबी की मदद से जमींदोज किया गया। इस दौरान कमिश्नर और कलेक्टर भी महाराजवाड़ा भवन का निरीक्षण करने के लिए आए हुए थे।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

गला कटने का इंतजार..!

Thu Dec 17 , 2020
मकर संक्रांति पर्व के पूर्व से ही शहर के आसमान पर रंग-बिरंगी पतंगों का कब्जा शुरू हो गया है। इन पतंगों के साथ ही एकबार फिर चाइना डोर भी आसमान में उडऩे लगी है। हर साल चाइना डोर के खिलाफ जोर-शोर से मुहिम चलाई जाती है। अभी तक चाइना डोर […]

Breaking News