उज्जैन। नागदा निवासी ऊषा (25) ने रविवार को जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर लिया था। उसे इलाज के लिए उज्जैन के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सोमवार को मृतका के दाहिने पैर की एड़ी के पास चमड़ी कुतरी देख परिजनों ने हंगामा खड़ा कर दिया। उनका आरोप था कि अस्पताल में चूहे ने चमड़ी कुतर डाली। इसमें अस्पताल प्रबंधन की साफतौर पर लापरवाही है। उधर, अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि उनके अस्पताल में शव रखने की व्यवस्था नहीं है। महिला की मौत के बाद माधवनगर थाने को सूचना दे दी गई थी। पुलिस ने जिला अस्पताल को शव को मर्च्युरी में रखने के लिए पत्र भी लिखा था। उधर, मृतका के रिश्तेदार मोहन सिंह ने बताया कि शव पूरी रात निजी अस्पताल में रहा। सोमवार को पोस्टमार्टम के लिए निजी अस्पताल की एंबुलेंस से ही जिला अस्पताल लाया गया। इस मामले में पोस्टमार्टम कराने गई सब इंस्पेक्टर मालती गोयल ने बताया कि एड़ी के पास चमड़ी के कुतरने का निशान था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही पता चलेगा कि घाव कैसे हुआ था।
Next Post
रेप के आरोपी कांस्टेबल की जगह DNA जांच के लिए स्पर्म देने वाला रिश्तेदार और षड़यंत्रकारी 2 आरक्षक गिरफ्तार; बर्खास्तगी की तैयारी
Mon Dec 7 , 2020
उज्जैन। पुलिस भर्ती की तैयारी कर रही युवती से दुष्कर्म के आरोपी अजय अस्तेय को बचाने के मामले में नया खुलासा हुआ है। डीएनए जांच में आरोपी की जगह स्पर्म और ब्लड का नमूना देने पहुंचे बलराम सूर्यवंशी और षड़यंत्रकर्ता दो अन्य आरक्षकों घनश्याम और तबरेज को पुलिस ने गिरफ्तार […]
यह भी पढ़ें
- 4 years ago
15 साल से अपराध कर रहे बदमाश का तोड़ा मकान
- 3 years ago
फिर एक फरार आरोपी लालपुल से कूदा, दोनों पैर टूटे
- 3 years ago
दक्षिण में भाजपा पर अपशकुनों की काली छाया