रामलला प्राण प्रतिष्ठा पर 22 जनवरी को मध्यप्रदेश में रहेगा अवकाश

भजन मंडलियों की प्रतियोगिता करायेगी सरकार, 26 को मिलेंगे ईनाम

उज्जैन, अग्निपथ। रामलला प्राण प्रतिष्ठा के मौके पर 22 जनवरी को मध्यप्रदेश में अवकाश रहेगा। अयोध्या में 22 जनवरी को रामलला की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा पर मध्यप्रदेश में भी उत्सव जैसा माहौल रहेगा। प्रदेश के सभी सरकारी भवनों पर लाइटिंग की जाएगी। प्रदेश सरकार की ओर से समारोह को लाइव दिखाने के इंतजाम किए जाएंगे। इसके लिए 22 जनवरी को सरकार अवकाश घोषित करने जा रही है। सभी पंचायतों में भजन मंडलियों के बीच भजनों की प्रतिस्पर्धा कराकर पुरस्कृत किया जाएगा।

मध्यप्रदेश सरकार अगले एक सप्ताह को राममय बनाने की तैयारी में जुटी है। सरकार भी चाहती है कि सभी 23 हजार ग्राम पंचायतों में 22 जनवरी तक श्रीराम कथा सप्ताह मनाया जाए। इस दौरान श्री राम भजन, रामकथा वाचन, रामचरित मानस पाठ, राम रक्षा स्त्रोत समेत भगवान राम की स्तुति वाले अन्य कार्यक्रम किए जाएं। इसके अलावा, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक परिचर्चा, नृत्य नाटिका, भजन संध्या, रंगोली के भी कार्यक्रम किए जाएंगे।

21 से 26 जनवरी तक रोशन होंगे समस्त सरकारी दफ्तर

सरकार ने निर्देश जारी किए हैं कि प्रदेश के सभी शासकीय कार्यालयों में 21 से 26 जनवरी तक रोशनी की जाएगी। अब तक के इतिहास में पहली बार है, जब 15 अगस्त, 26 जनवरी, प्रदेश के स्थापना दिवस 1 नवंबर के अलावा एक हफ्ते पहले से प्रदेश के सभी सरकारी दफ्तरों पर लाइटिंग की जाएगी। सभी कार्यालयों में जगमग रोशनी 22 जनवरी को होने वाली भगवान रामलला की मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा के एक दिन पहले 21 जनवरी से की जाएगी। यह रोशनी 26 जनवरी तक रहेगी। शहरों में स्कूल, कॉलेज भवनों में भी जगमग रोशनी करने के लिए कहा गया है।

अनुमति मिलते ही जारी होंगे छुट्टी के आदेश

प्रदेश सरकार ने 22 जनवरी को सभी सरकारी दफ्तरों में छुट्टी का फैसला किया है। इसमें स्कूल, कॉलेज और अन्य शासकीय उपक्रमों में अवकाश घोषित रहेगा। इसके लिए जीएडी ने सरकार के निर्देश के बाद फाइल मुख्य सचिव वीरा राणा को अप्रूवल के लिए भेजी है। उनकी सहमति मिलते ही आदेश जारी हो जाएंगे। 22 जनवरी को छुट्टी घोषित होने के बाद 20 से 22 जनवरी तक लगातार तीन दिन का शासकीय अवकाश हो जाएगा। 20 जनवरी को शनिवार है, जबकि 21 जनवरी रविवार शासकीय अवकाश का घोषित दिन है।

पंचायत विभाग ने जारी किये निर्देश

पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग ने प्रदेश के सभी जिलों के जिला पंचायत सीईओ को इस संबंध में निर्देश दिए हैं। इसमें कहा गया है कि ये सभी कार्यक्रम बाकायदा प्रतियोगिता के तौर पर कराए जाएं, ताकि इसमें पंचायत स्तर पर पहला, दूसरा और तीसरा स्थान पाने वाले भजन मंडलियों और चयनित अन्य कलाकारों को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ओर से प्रमाण पत्र दिया जा सके। सरकार ने तय किया है कि रामलला की मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा के बाद 26 जनवरी को इन मंडलियों और कलाकारों को जिला स्तर आयोजित कार्यक्रम में पुरस्कार वितरण किया जाएगा।

22 जनवरी तक ये कार्यक्रम भी चलेंगे

  • 16 से 21 जनवरी तक मंदिरों, सार्वजनिक स्थलों पर विशेष सफाई अभियान चलेंगे।
  • संस्कृति विभाग द्वारा श्रीरामचरित लीला समारोह 11 से 21 जनवरी, 2024 तक रतलाम, मंदसौर, उज्जैन, इंदौर, खंडवा, आगर-मालवा, देवास, सीहोर, छिंदवाड़ा, जबलपुर, अनूपपुर, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, ग्वालियर, दतिया, निवाड़ी, रीवा व दमोह में आयोजित किए जाएंगे।
  • अलग-अलग जगह जन-अभियान परिषद के सहयोग से 11 से 22 जनवरी तक प्रभात-फेरी व कलश-यात्रा, 22 जनवरी को मंदिरों, पवित्र नदियों, जलाशयों में दीपदान एवं प्रकाश व्यवस्था की जाएगी।
  • 11 से 22 जनवरी के बीच प्रदेश के 28 पवित्र स्थलों पर श्रीरामचरित लीला समारोह के साथ चित्रकूट व ओरछा में विशिष्ट गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। शं शनैश्चराय नम: मंत्र का जप करें।

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