क्षेत्र के नदी-नाले आए उफान पर, जीवनदायिनी लखुंदर नदी में पहली बार आई बाढ़

नलखेड़ा, अग्निपथ। नगर एवं आसपास के ग्रामीण अंचलों में रविवार-सोमवार की दरमियानी रात १२ बजे से शुरू हुआ झमाझम बारिश का दौर सोमवार को दिनभर निरंतर जारी रहा। लगभग १८ घंटे से अधिक समय तक रुक-रुक कर हुई मूसलाधार बारिश से इस मानसून सत्र में पहली बार क्षेत्र के सभी नदी-नाले उफान पर आ गए। मौसम विभाग के अलर्ट के बाद नगर को तरबतर करने वाली इस बारिश से जहां फसलों को संजीवनी मिली, वहीं प्रशासनिक व्यवस्थाओं और मंदिर पहुंच मार्ग की कमियों ने आमजन व श्रद्धालुओं को परेशानी में डाल दिया।

लगातार 18 घंटे की बारिश से जनजीवन प्रभावित

रविवार रात्रि १२ बजे से शुरू हुआ बारिश का क्रम सोमवार शाम ६ बजे तक अनवरत चलता रहा। आसमान में काले बादलों का डेरा जमा रहा और कभी झमाझम तो कभी रिमझिम फुहारों से नगर पूरी तरह जलमग्न हो गया। इस अवधि में करीब २ इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई, जिससे क्षेत्र का कुल वर्षा आंकड़ा लगभग २४ इंच के पार पहुंच गया।

मां बगलामुखी पहुंच मार्ग हुआ बंद, श्रद्धालु परेशान

तेज बारिश के कारण मां बगलामुखी मंदिर पहुंच मार्ग पर स्थित नाले की रपट पर पानी आ जाने से मुख्य रास्ता पूरी तरह अवरुद्ध हो गया। इस वजह से मंदिर दर्शन के लिए आने वाले भक्तों को ईदगाह वाले वैकल्पिक मार्ग से जाना पड़ा। ज्ञात हो कि इस रपट की ऊंचाई कम होने के कारण हर साल बारिश में यह मार्ग बंद हो जाता है। स्थानीय नागरिकों द्वारा बार-बार मांग करने के बावजूद प्रशासन ने रपट की ऊंचाई बढ़ाने हेतु कोई कदम नहीं उठाया है।

लखुंदर नदी का रौद्र रूप देखने उमड़ी भीड़

मानसून का आधा समय बीत जाने के बाद पहली बार नगर की जीवनदायिनी लखुंदर नदी में भीषण बाढ़ आई। ऊपरी क्षेत्रों में हुई जोरदार बारिश से मां बगलामुखी मंदिर के पीछे बने डैम के ऊपर से चादर चलने लगी, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में नगरवासी पहुंचे।

कुंडलिया डैम के ६ गेट खोले गए, अलर्ट जारी

कैचमेंट एरिया में हो रही लगातार बारिश के चलते कुंडलिया डैम में जलस्तर तेजी से बढ़ा। जल आवक को देखते हुए सोमवार दोपहर १ बजे डैम के ६ गेट खोले गए, जिसके बाद प्रशासन ने निचले तटीय इलाकों में सुरक्षा के दृष्टिगत अलर्ट जारी कर दिया।

देर से हुई स्कूल अवकाश की घोषणा से परेशानी

मौसम विभाग की चेतावनी के बाद प्रशासन द्वारा सोमवार प्रातः ९ बजे कक्षा पहली से १२वीं तक के विद्यार्थियों के लिए अवकाश की घोषणा की गई। हालांकि, तब तक अधिकतर बच्चे स्कूल पहुंच चुके थे, जिससे परिजनों को उन्हें वापस घर लाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

Next Post

अमझेरा के माता अमका-झमका तीर्थ पर आकार लेगा भव्य श्रीकृष्ण-रुक्मिणि लोक

Mon Aug 10 , 2026
धार, अग्निपथ। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर मध्य प्रदेश पर्यटन विकास निगम की टीम ने प्रसिद्ध अमका-झमका माता मंदिर पहुंचकर भौतिक निरीक्षण किया है और इसकी रूपरेखा तैयार कर ली है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य इस पवित्र स्थान को महाकाल लोक की तर्ज पर श्रीकृष्ण-रुक्मिणि लोक के रूप […]
अमका-झमका तीर्थ पर आकार लेगा भव्य श्रीकृष्ण-रुक्मिणि लोक

Breaking News